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6 माह से बंगलौर में फंसी नाबालिग छात्रा को सुरक्षित वापस लाने के लिए एनएसयूआई ने सूरजपुर कलेक्टर को दिया ज्ञापन,,,

Priyanshu Ranjan

सूरजपुर । बिहारपुर निवासी 15 वर्षीय नाबालिग छात्रा को बैंगलोर से सुरक्षित वापस लाने की मांग को लेकर एनएसयूआई ने जिला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट किया। एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आकाश साहू के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए छात्रा को शीघ्र स्वदेश वापस लाने की मांग की ।

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     ज्ञापन सौंपने के दौरान पूर्व विधायक पारस नाथ राजवाड़े, पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष भगवती राजवाड़े, पूर्व ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अश्विनी सिंह, शहर कांग्रेस अध्यक्ष मनोज डालमिया, नगर पालिका अध्यक्ष कुसुमलता राजवाड़े एवं ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष जफर हैदर विशेष रूप से उपस्थित रहे।

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6 माह से बैंगलोर के बाल विकास गृह में है छात्रा

      जानकारी देते हुए बताया गया कि ग्राम करौटी, थाना चांदनी, बिहारपुर ब्लॉक ओडगी निवासी राजेन्द्र सिंह की 15 वर्षीय नाबालिग पुत्री सूरजपुर स्थित सरस्वती शिशु मंदिर विद्यालय में अध्ययनरत थी। पढ़ाई के लिए वह वकील कॉलोनी में किराए के मकान में अपने सहपाठियों के साथ रहकर अध्ययन कर रही थी । 30 जुलाई 2025 को एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा छात्रा को बहला-फुसला कर ले जाया गया। घटना को छह माह से अधिक समय बीत चुका है, किंतु छात्रा अब तक अपने घर वापस नहीं लौट सकी है ।

     जांच के दौरान पुलिस एवं प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार छात्रा को बैंगलोर के यशवंतपुर से लगभग 25 किलोमीटर दूर स्थित बाल विकास गृह में रखा गया है। जिस व्यक्ति के साथ वह गई थी, वह काफी समय पूर्व वापस आ चुका है, परंतु छात्रा अब भी वहीं रह रही है।

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प्रशासनिक लापरवाही बनी छात्रा की वापसी में बाधा

     परिजनों ने बताया कि जब छात्रा को वापस लाने के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग सूरजपुर के अधिकारी, कुछ पुलिसकर्मी तथा परिवार का एक सदस्य बैंगलोर गए, तब गंभीर लापरवाही सामने आई ।जिन पुलिस कर्मियों के नाम आदेशित सूची में दर्ज थे, वे मौके पर नहीं पहुंचे, बल्कि अन्य पुलिस बल भेज दिए गए। बैंगलोर बाल विकास विभाग द्वारा जब सूची और पुलिसकर्मियों के पहचान पत्र (आईडी) का मिलान किया गया तो वह मेल नहीं खा सका, जिसके चलते अधिकारियों ने छात्रा को सौंपने से इनकार कर दिया । इसी प्रशासनिक चूक के कारण आज भी नाबालिग छात्रा बैंगलोर में फंसी हुई है और उसके परिजन पिछले कई महीनों से मानसिक,सामाजिक और आर्थिक पीड़ा झेल रहे हैं।

कलेक्टर से हस्तक्षेप की मांग

       एनएसयूआई व कांग्रेस नेताओं ने कलेक्टर से मुलाकात कर पूरे मामले में त्वरित हस्तक्षेप करते हुए सही आदेश जारी करने, अधिकृत पुलिस दल भेजने तथा छात्रा को सुरक्षित घर वापस लाने की मांग की । प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि यह मामला न केवल एक नाबालिग बच्ची की सुरक्षा से जुड़ा है, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही का गंभीर उदाहरण भी है, जिसकी तत्काल जांच और सुधार आवश्यक है।

ज्ञापन सौंपने के दौरान उपस्थित रहे…

इस अवसर पर विष्णु कसेरा, नीरज तायल, मधु साहू, सैयद नदीम, मुस्तफा खान, तनवीर, अफरोज अंसारी, शिवम साहू, लिवनेश सिंह, सुमंत राजवाड़े, हैदर अली, आयुष शांडिल्य, ललित सहित छात्रा के पिता राजेन्द्र सिंह उपस्थित रहे ।

        एनएसयूआई ने चेतावनी दी कि यदि छात्रा को शीघ्र वापस नहीं लाया गया तो संगठन आंदोलनात्मक कदम उठाने को मजबूर होगा।

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