घड़ी चौक पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन, पुलिस से नोकझोंक; भाजपा सरकार पर राजनीतिक प्रतिशोध के आरोप
अंबिकापुर, 11 जुलाई 2026। केंद्रीय और राज्य स्तरीय जांच एजेंसियों के कथित दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए जिला कांग्रेस कमेटी सरगुजा ने शुक्रवार को अंबिकापुर के घड़ी चौक में विरोध प्रदर्शन किया। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर आयोजित इस प्रदर्शन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री का पुतला दहन कर भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
तेज बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुए। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र और राज्य की भाजपा सरकार जांच एजेंसियों का इस्तेमाल राजनीतिक प्रतिशोध की भावना से विपक्षी नेताओं को निशाना बनाने के लिए कर रही है।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में भाजपा सरकार बनने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, उनके परिवार के सदस्यों, पूर्व मंत्री कवासी लखमा, विधायक देवेंद्र यादव सहित कई विपक्षी नेताओं के विरुद्ध जांच एजेंसियों के माध्यम से कार्रवाई कर राजनीतिक दबाव बनाया जा रहा है। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित पक्षों की ओर से इस संबंध में अलग-अलग प्रतिक्रियाएं रही हैं।
पुलिस से हुई नोकझोंक
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच कुछ देर तक नोकझोंक और धक्का-मुक्की की स्थिति बनी। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि पुलिस ने पुतला दहन रोकने का प्रयास किया, जबकि पुलिस की ओर से इस संबंध में तत्काल कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया। अंततः कार्यकर्ताओं ने पुतला दहन किया। इस दौरान घड़ी चौक पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा।
बारिश के बीच भी जारी रहा प्रदर्शन
तेज बारिश के बावजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन जारी रखा। पार्टी नेताओं ने दावा किया कि पुतला दहन की तैयारी पहले से की गई थी, जिसके चलते बारिश के बीच भी कार्यक्रम पूरा किया गया और कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
कांग्रेस ने लगाए राजनीतिक आरोप
मीडिया से चर्चा करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि भाजपा विपक्ष को कमजोर करने के उद्देश्य से जांच एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि विपक्षी नेताओं के मामलों में एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो जाती हैं, जबकि भाजपा से जुड़े मामलों में कथित तौर पर समान कार्रवाई नहीं होती। ये आरोप कांग्रेस के हैं, जिन पर भाजपा की ओर से इस मामले में तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं हो सकी।
प्रदर्शन में कांग्रेस के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।