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कोकोमी का बड़ा प्रदर्शन सरकारी कार्यालयों पर जड़ा ताला अब सात जिलों में इंटरनेट निलंबित

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By Aaj 24

इंफाल। मणिपुर में हिंसा और विरोध प्रदर्शन का दौर थमता नहीं दिख रहा है। जिरीबाम में तीन महिलाओं और तीन बच्चों की हत्या के बाद इंफाल घाटी के लोगों में आक्रोश है। सोमवार को मणिपुर अखंडता पर समन्वय समिति (COCOMI) ने इंफाल पश्चिम जिले में कर्फ्यू का उल्लंघन करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान सरकारी कार्यालयों पर ताला जड़ दिया। उधर, मणिपुर सरकार ने प्रदेश के सात जिलों में इंटरनेट सेवा को बुधवार तक निलंबित कर दिया है।

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मणिपुर के अधिकारियों ने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने लाम्फेलपत में मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय पर धावा बोला। इसके बाद कार्यालय के मुख्य गेट पर जंजीर बांधकर ताला लगा दिया। इसके अलावा प्रदर्शनकारियों ने ताकील में जैव संसाधन और सतत विकास संस्थान के मुख्य कार्यालय के दरवाजे और अर्थशास्त्र और सांख्यिकी निदेशालय के गेट पर भी ताला जड़ दिया।

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अधिकारियों का कहना है कि संदिग्ध आतंकियों पर जिरीबाम जिले में तीन महिलाओं और तीन बच्चों की हत्या का आरोप है। इसी घटना के विरोध में कोकोमी विरोध प्रदर्शन कर रहा है। संगठन ने सरकार से न्याय की मांग की।कोकोमी संगठन ‘कुकी जो हमार’ उग्रवादियों के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की मांग कर रहा है। इंफाल के ख्वाइरामबंद बाजार में पिछले तीन दिन से संगठन का धरना प्रदर्शन जारी है। विरोध प्रदर्शन में शामिल फिल्मी हस्ती लाइमायम सुरजकांता ने कहा, “हम जिरीबाम में कुकी जो हमार उग्रवादियों द्वारा तीन महिलाओं और तीन बच्चों की बर्बर हत्या को बर्दाश्त नहीं करेंगे। केंद्र सरकार को कार्रवाई करनी चाहिए। हत्यारों को तुरंत गिरफ्तार करना चाहिए।”

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बता दें कि मणिपुर अखंडता पर समन्वय समिति मेइतेई समुदाय का संगठन है। यह जातीय समूह इंफाल घाटी में बहुल है। इंफाल घाटी में कुल पांच जिले आते हैं।मणिपुर में 11 नवंबर को जिरीबाम जिले के एक शिविर से छह लोग लापता हो गए थे। इसके बाद शुक्रवार को जिरी नदी में तीन लोगों के शव मिले थे। रविवार को असम के कछार जिले में बराक नदी में दो और शव मिले। माना जा रहा है कि यह शव भी लापता लोगों के ही हैं। असम पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि अब तक कुल पांच शव मिल चुके हैं। इस बीच सुरक्षा बलों और सशस्त्र लोगों के बीच हुई मुठभेड़ में 10 कुकी युवकों की भी जान गई है।

कानून व्यवस्था के मद्देनजर इंफाल घाटी के इंफाल पूर्व और पश्चिम, बिष्णुपुर, थौबल और काकचिंग जिलों में अनिश्चितकालीन कर्फ्यू लागू किया गया है। प्रशासन ने इंटरनेट पर पाबंदी दो अन्य जिलों कांगपोकपी और चुराचांदपुर में बढ़ा दी है।अब कुल सात जिलों में 20 नवंबर को शाम सवा पांच बजे तक इंटरनेट सेवा निलंबित रहेगी। पिछले साल मई में इंफाल घाटी में रहने वाले मेइतेई और पहाड़ों पर रहने वाले कुकी लोगों के बीच जातीय हिंसा भड़की थी। अब तक 200 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है। हजारों लोग बेघर हो चुके हैं।

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