Skip to main content

AAJ24

[state_mirror_header]

विश्रामपुर थाने के सामने चल रहा कांग्रेस का अनिश्चितकालीन धरना अब निर्णायक मोड पर, पूर्व उप मुख्यमंत्री टी. एस. सिंहदेव ने दी भूख हड़ताल की चेतावनी,,,

Priyanshu Ranjan

सूरजपुर । विश्रामपुर थाना के सामने बीती रात से जल रही विरोध की मशाल अब एक निर्णायक मोड़ पर पहुंचती दिखाई दे रही है। कांग्रेस नेताओं का धरना केवल राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि पुलिस प्रशासन के रवैये के खिलाफ जनआक्रोश का प्रतीक बनता जा रहा है। तपती दोपहर, थाने के बाहर बिछी दरी, आंखों में इंतजार और चेहरों पर उभरती बेचैनी के बीच पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने प्रशासन को दो टूक चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि शाम 6 बजे तक उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो वे आमरण अनशन पर बैठ जाएंगे।
पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने कहा कि मंगलवार को वे वैसे भी सूर्यास्त तक उपवास रखते हैं, लेकिन यदि न्याय नहीं मिला तो यह उपवास अब आंदोलन की अंतिम चेतावनी बन जाएगा। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता की आवाज को इस तरह अनसुना करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।ज्ञात हो कि शिवनन्दनपुर नगर पंचायत चुनाव के दौरान सूरजपुर जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष नरेंद्र जैन से जुड़े विवाद में पुलिस ने आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की थी। कांग्रेस लगातार इस कार्रवाई को निरस्त करने की मांग कर रही है। वहीं कांग्रेस का आरोप है कि नरेंद्र जैन के घर जाकर विवाद करने वाले भाजपा कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के खिलाफ शिकायत के बावजूद पुलिस एफआईआर दर्ज नहीं कर रही है।
इसी मांग को लेकर 25 मई को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी विश्रामपुर थाने पहुंचे थे। पुलिस प्रशासन द्वारा मांगों पर कोई सकारात्मक पहल नहीं होने के बाद कांग्रेस नेताओं ने थाने के सामने ही अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। धरना स्थल पर पूरी रात राजनीतिक तपिश बनी रही। रात करीब 2:30 बजे तक स्वयं पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव धरना स्थल पर मौजूद रहे और प्रदेशाध्यक्ष दीपक बैज के साथ आंदोलनकारियों का हौसला बढ़ाते रहे। मंगलवार सुबह 11 बजे से वे फिर धरना स्थल पर पहुंच गए, जहां समर्थकों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भीड़ लगातार बढ़ती जा रही है।
अब आंदोलन ने और उग्र रूप ले लिया है। तय हुआ है कि शाम 6 बजे के बाद यदि प्रशासन ने कोई निर्णय नहीं लिया तो पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव आमरण अनशन पर बैठेंगे, जबकि प्रदेशाध्यक्ष दीपक बैज क्रमिक भूख हड़ताल शुरू करेंगे।अब सबकी निगाहें प्रशासन के अगले कदम पर टिकी हैं। विश्रामपुर का यह धरना अब केवल स्थानीय विवाद नहीं, बल्कि प्रदेश की राजनीति में बड़ा संदेश देने वाला आंदोलन बनता जा रहा है।

Share This Article