भरत शर्मा की रिपोर्ट

रतलाम/आलोट।अखिल भारतीय पोरवाल युवा संगठन का राष्ट्रीय/प्रदेश अधिवेशन 1 मार्च 2026, रविवार को नगर परिषद आलोट (म.प्र.) स्थित अंबेडकर भवन में होगा ये ऐतिहासिक और भव्य स्वरूप में आयोजित होने जा रहा है। इस आयोजन को लेकर प्रदेशभर प्रदेशभर में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है। रतलाम से सैकड़ों युवाओं का विशाल काफिला आलोट के लिए रवाना होगा, जो कार्यक्रम की भव्यता को और बढ़ाएगा।

अखिल भारतीय पोरवाल युवा संगठन के जिला मीडिया प्रभारी आदित्य मंडवारिया ने बताया कि संगठन के संस्थापक राजेंद्र संघवी, संरक्षक गोविंद डबकरा, राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेन्द्र उदिया व राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विकास पोरवाल एवं प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र काला व प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष नितिन पोरवाल के मार्गदर्शन मे संगठन के रतलाम इकाई के जिला अध्यक्ष अविनाश पोरवाल, जिला महामंत्री अंकुर सेठिया जावरा एवं सचिव शैलेन्द्र पोरवाल रतलाम व रतलाम जिला कार्यकारिणी के सदस्य व प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य सुनील पोरवाल व नगर अध्यक्ष प्रवीण फरक्या इस अधिवेशन को ऐतिहासिक बनाने के लिए दिन रात तैयारियों में जुटे हैं
इन बड़े मुद्दों पर होगा मंथन
अधिवेशन में समाज और संगठन से जुड़े अहम विषयों पर गहन चर्चा की जाएगी, जिनमें प्रमुख हैं
अंतरजातीय विवाह से जुड़े नियमों में संगठन की भूमिका व समीक्षा
युवती संगठन के विस्तार हेतु विशेष सदस्यता अभियान संगठन विस्तार यात्रा-2026 की रूपरेखा
आगामी चुनावों में समाज की सहभागिता
सीतामऊ बैठक के निर्णयों की प्रगति रिपोर्ट देंगे।
आगामी त्रैमासिक बैठक की तिथि व स्थान की घोषणा
संगठन पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह केवल एक बैठक नहीं, बल्कि समाज के युवाओं को नई दिशा और मजबूत नेतृत्व देने का संकल्प है।
भव्य चल समारोह बनेगा आकर्षण का केंद्र
कार्यक्रम की शुरूआत प्रातः 9:30 बजे आगमन से होगी। 10 बजे स्वल्पाहार के पश्चात पोरवाल धर्मशाला (जुना बाजार) से अंबेडकर भवन नगर परिषद आलोट तक विशाल चल समारोह निकाला जाएगा। इस शोभायात्रा में युवा शक्ति, महिला प्रकोष्ठ एवं वरिष्ठजन बड़ी संख्या में भाग लेकर एकता और संगठन शक्ति का परिचय देंगे ।
दोपहर 12:15 बजे से औपचारिक अधिवेशन प्रारंभहोगा।अखिल भारतीय पोरवाल युवा संगठन ने समाज के समस्त पदाधिकारियों, युवाओं एवं गणमान्यजनों से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर इस ऐतिहासिक अधिवेशन को सफल बनाने का आह्वान किया है।संगठन को विश्वास है कि यह राष्ट्रीय/प्रदेश अधिवेशन समाज की एकजुटता, संगठनात्मक मजबूती और भविष्य की ठोस रणनीति तय करने में मील का पत्थर सिद्ध होगा।



