Skip to main content

AAJ24

[state_mirror_header]

रायपुर : सेवा संकल्प अभियान : उज्ज्वला योजना ने बदली रतना की जिंदगी, चूल्हे के धुएं और लकड़ी के बोझ से मिली स्थायी मुक्ति

Priyanshu Ranjan

रायपुर, 19 सितम्बर 2026

- Advertisement -

केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं के जीवन में एक नई सुबह लेकर आई है। बस्तर जिले के दरभा विकासखंड स्थित ग्राम पखनार के पाईक पारा की रहने वाली श्रीमती रतना ठाकुर के लिए यह योजना किसी वरदान से कम साबित नहीं हुई है। वर्षों तक रसोई के दमघोंटू धुएं और जंगल के खतरों से जूझने के बाद अब उनकी रसोई पूरी तरह धुआं-मुक्त हो चुकी है।

- Advertisement -

रतना ठाकुर बताती हैं कि गैस कनेक्शन मिलने से पहले उनका पूरा महीना रसोई के लिए ईंधन जुटाने की जद्दोजहद में ही बीत जाता था। परिवार के लिए खाना पकाने वास्ते उन्हें मीलों दूर घने जंगलों में सूखी लकड़ियों की तलाश में भटकना पड़ता था, जहां हमेशा जंगली जानवरों का भय सताता रहता था। सिर और गर्दन पर लकड़ियों के भारी गट्ठर लादकर घर तक लाना अत्यंत कष्टदायी था, और बरसात के दिनों में सूखी लकड़ी न मिलने पर यह परेशानी दोगुनी हो जाती थी। इस हाड़-तोड़ मेहनत के बाद जब वे चूल्हा जलातीं, तो पूरी रसोई धुएं से भर जाती थी, जिससे उन्हें लगातार गंभीर खांसी और सांस की तकलीफ झेलनी पड़ती थी।

रतना ठाकुर की इस कठिन दिनचर्या में तब क्रांतिकारी बदलाव आया जब उन्हें प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत पूर्णतः निःशुल्क एलपीजी कनेक्शन मिला। गैस एजेंसी द्वारा उन्हें एक भरा हुआ गैस सिलेंडर, डबल बर्नर चूल्हा, सुरक्षा पाइप और रेगुलेटर प्रदान किया गया, जिससे उनका चूल्हा जलाने का रोजमर्रा का संघर्ष हमेशा के लिए खत्म हो गया। अब भोजन बिना किसी परेशानी के बहुत कम समय में तैयार हो जाता है और घर का वातावरण भी स्वच्छ रहता है।

See also  छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता के प्रारूप पर होगा व्यापक मंथन

चूल्हे के धुएं और लकड़ी बीनने की मजबूरी से मुक्ति मिलने के बाद रतना के जीवन में समय की भी बचत होने लगी है। जो समय पहले जंगलों में लकड़ी ढूंढने और लाने में बर्बाद होता था, उस बचे हुए कीमती वक्त का उपयोग वे अब अपने बच्चों की बेहतर परवरिश, पढ़ाई-लिखाई और अन्य छोटे-मोटे व्यावसायिक कार्यों में कर रही हैं। इससे उनके परिवार के स्वास्थ्य के साथ-साथ आर्थिक संबल भी मिला है। अपने दैनिक जीवन को सुरक्षित, सुगम और गरिमापूर्ण बनाने के लिए रतना ठाकुर ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना और शासन के प्रति तहे दिल से आभार व्यक्त किया है।

Share This Article