विश्रामपुर अस्पताल में चल रहा है इलाज, रोजगार की मांग को लेकर ग्रामीण कर रहे थे प्रदर्शन
सूरजपुर । जिले के अमगांव एसईसीएल क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पटना में सड़क निर्माण कार्य को लेकर उस समय तनावपूर्ण स्थिति बन गई, जब स्थानीय ग्रामीणों का विरोध अचानक उग्र हो गया। रोजगार की मांग को लेकर एकत्रित ग्रामीणों ने देखते ही देखते आक्रोशित रूप ले लिया और पत्थरबाजी शुरू कर दी।
इस दौरान मौके पर मौजूद एसईसीएल के सब एरिया मैनेजर विजय कुमार भीड़ के निशाने पर आ गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद उन्हें तत्काल विश्रामपुर स्थित एसईसीएल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है।
मिली जानकारी के अनुसार ग्राम पटना में एसईसीएल द्वारा सड़क निर्माण कार्य कराया जा रहा था। जैसे ही ग्रामीणों को इसकी जानकारी मिली, बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए और कार्य का विरोध शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में किसी भी कार्य की शुरुआत से पहले स्थानीय लोगों को रोजगार देने की मांग को प्राथमिकता दी जानी चाहिए थी, लेकिन ऐसा नहीं किया गया, जिससे असंतोष बढ़ गया।
विरोध हुआ उग्र, शुरू हुई पत्थरबाजी
शुरुआती विरोध कुछ ही समय में उग्र रूप ले बैठा। मौके पर मौजूद भीड़ ने अचानक पत्थरबाजी शुरू कर दी, जिससे स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। इसी दौरान एसईसीएल के सब एरिया मैनेजर विजय कुमार भी वहां मौजूद थे, जो इस हिंसक घटना की चपेट में आ गए। बताया जा रहा है कि पत्थर लगने और मारपीट के कारण उन्हें गंभीर चोटें आईं।
अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच बनी टकराव की स्थिति
सूत्रों के अनुसार अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया और बताया कि निर्माण कार्य के लिए प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। इसके बावजूद ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे और कार्य रोकने की बात करते रहे। बातचीत के दौरान ही माहौल बिगड़ गया और टकराव की स्थिति उत्पन्न हो गई।
घायल अधिकारी अस्पताल में भर्ती
घटना के बाद घायल सब एरिया मैनेजर विजय कुमार को तत्काल विश्रामपुर स्थित एसईसीएल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है । डॉक्टरों की निगरानी में उनका उपचार किया जा रहा है और फिलहाल उनकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है।
रोजगार की मांग बना मुख्य मुद्दा
ग्रामीणों का मुख्य आरोप है कि क्षेत्र में चल रहे कार्यों में स्थानीय लोगों को रोजगार नहीं दिया जा रहा है। उनका कहना है कि जब तक रोजगार से जुड़ी मांगों को पूरा नहीं किया जाएगा, तब तक इस तरह का विरोध जारी रहेगा।
क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल
घटना के बाद से क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन द्वारा हालात पर नजर रखी जा रही है और स्थिति को नियंत्रित करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
