भरत शर्मा की रिपोर्ट

रतलाम, 15 जनवरी सैलाना मार्ग पर गुरुवार सुबह करीब ढाई घंटे तक चक्काजाम रहा। एंबुलेंस की टक्कर से गंभीर रूप से घायल युवक की उपचार के दौरान मौत के बाद आक्रोशित परिजनों ने शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया। परिजन टक्कर मारने वाले एंबुलेंस चालक की गिरफ्तारी और पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग पर अड़े रहे।
जाम के कारण मार्ग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सुबह का समय होने से स्कूली बच्चे, अभिभावक और आम नागरिक सबसे ज्यादा प्रभावित हुए।
9 जनवरी की रात हुआ था हादसा

जानकारी के अनुसार 9 जनवरी की रात करीब 9:15 बजे दरबार डोडियार बाइक से अपने गांव नंदलाई जा रहे थे। सेजावता-बंजली बायपास से आगे नंदलाई फंटे के पास धामनोद की ओर से आ रही एक एंबुलेंस ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। यह पूरी घटना पास की एक दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। हादसे के बाद परिजन घायल दरबार डोडियार को पहले रतलाम मेडिकल कॉलेज और फिर उपचार के लिए बड़ोदा ले गए, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
स्कूल की बसें जाम में फंसी

रतलाम-बांसवाड़ा मुख्य मार्ग पर जाम लगने से दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइनें लग गईं। कई स्कूली बसें जाम में फंस गईं। बच्चों को बसों से उतारकर पैदल सड़क पार करवाया गया और दूसरी बसों में शिफ्ट करना पड़ा। डेलनपुर स्थित चेतन्य टेक्नो स्कूल की बसें भी जाम में फंसी रहीं, जिसके बाद स्कूल प्रबंधन को छुट्टी घोषित करनी पड़ी। जाम के दौरान एक एंबुलेंस भी फंस गई, जिसे बाद में डायवर्ट किया गया।
टीआई के लिखित आश्वासन के बाद खुला जाम
मौके पर पहुंचे औद्योगिक क्षेत्र थाना प्रभारी सत्येंद्र रघुवंशी ने परिजनों को लिखित में आश्वासन दिया कि 24 घंटे के भीतर मामले में आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि 10 जनवरी को ही एफआईआर दर्ज कर ली गई थी। संदिग्ध एंबुलेंस पुलिस के कब्जे में है और उसकी तस्दीक कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है
तहसीलदार ऋषभ ठाकुर ने भी शासन स्तर पर सहायता का भरोसा दिलाया। इसके बाद टीआई सत्येंद्र रघुवंशी ने स्वयं परिजनों के साथ मिलकर शव को उठवाकर एंबुलेंस में रखवाया, तब जाकर करीब ढाई घंटे बाद चक्काजाम समाप्त हो सका।

