भरत शर्मा की रिपोर्ट

रतलाम, 10 अप्रैल विश्व होम्योपैथी दिवस एवं होम्योपैथी के जनक डॉ सेम्युल क्रिश्चियन फेड्रिक हेनीमेन की जयंती के अवसर पर सर्किल जेल रतलाम में आयुष विभाग द्वारा विशेष स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार शिविर का आयोजन किया गया।
सर्किल जेल में इस मेडिकल कैंप का विधिवत शुभारंभ आज सुबह 11:00 बजे किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य जेल में निरुद्ध बंदियों को विभिन्न पद्धतियों के माध्यम से सुलभ चिकित्सा परामर्श और औषधि उपलब्ध कराना था।
इस अवसर पर होम्योपैथिक एवं यूनानी चिकित्सा पद्धति के माध्यम से बंदियों का विस्तृत स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें आवश्यक परामर्श एवं निःशुल्क औषधियों का वितरण किया गया।
शिविर का मुख्य उद्देश्य बंदियों को समुचित एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करना तथा वैकल्पिक चिकित्सा पद्धतियों जैसे होम्योपैथी एवं यूनानी चिकित्सा के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा। शिविर के दौरान सर्दी, खांसी, त्वचा रोग, पाचन संबंधी समस्याएं, जोड़ों के दर्द सहित विभिन्न सामान्य एवं दीर्घकालीन रोगों का परीक्षण कर उनका उपचार किया गया।
कार्यक्रम में जेल अधीक्षक लक्ष्मण सिंह भदौरिया द्वारा आयुष विभाग की इस पहल की सराहना करते हुए कहा गया कि इस प्रकार के स्वास्थ्य शिविर बंदियों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य सुधार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जेल स्टाफ का भी आयोजन में सराहनीय सहयोग रहा।
शिविर में आयुष विभाग की ओर से डॉ. बलराज सिंह चौहान, डॉ. वर्षा राठौड़, डॉ. आदिल अंसारी, कैलाश यादव, अशोक शर्मा एवं सुमित्रा गिरधारी ने सक्रिय सहभागिता करते हुए अपनी सेवाएं प्रदान कीं। सभी चिकित्सकों एवं सहयोगी स्टाफ द्वारा बंदियों का समर्पण भाव से उपचार किया गया।
इस सफल आयोजन से बंदियों को स्वास्थ्य लाभ प्राप्त हुआ तथा उनके बीच स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता में वृद्धि हुई। जिला आयुष अधिकारी डॉ दाताराम जयंत द्वारा भविष्य में भी इस प्रकार के जनहितकारी कार्यक्रमों के आयोजन की प्रतिबद्धता व्यक्त की गई।
