AAJ24

[state_mirror_header]

छत्तीसगढ़/सूरजपुर में व्यापारी परिवार को केस वापस लेने के लिए जान से मारने की धमकी, पुलिस की निष्क्रियता से आक्रोश…

Priyanshu Ranjan

सूरजपुर में एक व्यापारी परिवार को दर्ज आपराधिक प्रकरण को वापस लेने के लिए लगातार जान से मारने की धमकियां, गाली-गलौच और दबाव दिए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। थाने में लिखित शिकायत के बावजूद अब तक ठोस कार्रवाई नहीं होने से पीड़ित परिवार आक्रोशित और भयभीत है।

पीड़िता कोमल जैन (22 वर्ष) ने थाना सूरजपुर में दी गई शिकायत में बताया कि उनके पिता दिनेश कुमार जैन, जो मेन रोड स्थित भारत बूट हाउस के संचालक हैं, उन्हें और पूरे परिवार को संगठित रूप से डराया-धमकाया जा रहा है। आरोप है कि यह दबाव एक दर्ज ठगी के केस को वापस लेने के लिए बनाया जा रहा है।

- Advertisement -

परिवार की सुरक्षा पर गंभीर खतरा

- Advertisement -

लगातार मिल रही धमकियों से व्यापारी परिवार दहशत में है। पीड़िता के अनुसार, उनके पिता पहले से ही आर्थिक धोखाधड़ी के कारण मानसिक तनाव में हैं और अब पूरे परिवार पर जान का खतरा मंडरा रहा है। समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसी बड़ी अनहोनी से इनकार नहीं किया जा सकता।

पुलिस की भूमिका पर सवाल

इतनी गंभीर और बार-बार की धमकियों के बावजूद कार्रवाई न होना कई सवाल खड़े करता है। पीड़ित परिवार का कहना है कि क्या उन्हें न्याय के लिए वरिष्ठ अधिकारियों या न्यायालय का दरवाजा खटखटाना पड़ेगा?

कार्रवाई की मांग

शिकायत में अनावेदकों के खिलाफ सख्त धाराओं में एफआईआर दर्ज करने, परिवार को तत्काल सुरक्षा देने, कॉल रिकॉर्डिंग, सीसीटीवी फुटेज और व्हाट्सएप संदेशों की जब्ती तथा न्यायालयीन प्रक्रिया में बाधा डालने की निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।

See also  करोड़ों के घोटालों में घिरे दो पूर्व शाखा प्रबंधकों की भैयाथान में वापसी की चर्चा, सहकारिता बैंक की कार्यप्रणाली पर फिर उठे सवाल,

ठगी के केस से शुरू हुआ विवाद

पीड़िता के अनुसार जरीफ उल्लाह, अशफाक उल्लाह, सदफ उल्लाह, नूरजहां सहित उनके परिजनों ने झांसा देकर भारी रकम की ठगी की थी। इस मामले में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, सूरजपुर के आदेश पर थाना सूरजपुर में अपराध क्रमांक 281/25 दर्ज है और विवेचना जारी है। इसी केस को वापस लेने के लिए अब दबाव बनाया जा रहा है।

दुकान में घुसकर धमकी, कागज लिखवाने की कोशिश

शिकायत में बताया गया कि 21 नवंबर 2025 को महबूब हुसैन अंसारी उर्फ बड़खा, मंजूर अंसारी और शकीला बानो दुकान में घुस आए और खुलेआम धमकी दी कि केस वापस नहीं लिया गया तो पूरे परिवार को गंभीर अंजाम भुगतना पड़ेगा। पीड़िता से जबरन कागज पर लिखवाने का प्रयास भी किया गया।

सीसीटीवी देखते ही भागा आरोपी

24 नवंबर 2025 को महबूब अंसारी पहले फोन पर धमकी देकर दोपहर में दुकान पहुंचा। पूछताछ के दौरान जैसे ही उसे सीसीटीवी कैमरे का आभास हुआ, वह मौके से भाग निकला। कॉल रिकॉर्डिंग उपलब्ध होने का दावा भी शिकायत में किया गया है।

“पहले भी जेल जा चुका हूं, मर्डर कर दूंगा”

पीड़िता का आरोप है कि 25 अगस्त 2024 और 3 मार्च 2025 को भी आरोपियों के परिजनों ने फोन और दुकान पर आकर कहा कि आरोपी पहले भी जेल जा चुका है और एफआईआर कराई तो पूरे परिवार की हत्या कर देगा। इन घटनाओं की मौखिक सूचना पहले भी थाने को दी गई थी, लेकिन प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।

अब देखना यह होगा कि पुलिस प्रशासन इस गंभीर मामले में कब और क्या ठोस कदम उठाता है, या फिर पीड़ित व्यापारी परिवार को न्याय के लिए उच्च स्तर पर गुहार लगानी पड़ेगी।

See also  MP/एमडी ड्रग्स फैक्ट्री चलाने वालो पर बड़ी कार्रवाई: चिकलाना ड्रग्स फैक्ट्री के आरोपी दिलावर खान व परिवार की 16.16 करोड़ की संपत्ति फ्रीज,आदेश जारी
Share This Article