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रतलाम कोर्ट ने दो बाद सुनाई सजा ; रुपए लूटकर की थी महिला की हत्या ,आरोपी को आजीवन कारावास,मामला मोती नगर में महिला की हत्या का

Priyanshu Ranjan

भरत शर्मा की रिपोर्ट 

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रतलाम 26 फरवरी घर में घुसकर महिला के साथ लूट करने वाले आरोपी को न्यायालय ने अलग-अलग धाराओं में ₹9000 के अर्थ दंड एवं आजीवन कारावास की सजा सुनाई इस मामले में फोरेंसिक रिपोर्ट मुख्य आधार बनी है।

अपर लोक अभियोजक एवं शासकीय अधिवक्ता सतीश त्रिपाठी ने बताया कि घटना 3 मार्च 2024 की होकर मोती नगर रतलाम की है l आरोपी वीरजी उर्फ वीर सिंह पिता प्रेम भाबर उम्र 35 वर्ष निवासी ग्राम केदारगढ़ हाल मुकाम शंकरगढ़ रतलाम ने मृतिका भूरी बाई की विधवा बहू से नतारा किया था l कुछ दिन आरोपी मृतिका के घर में रहा उसके बाद अलग हो गया l आरोपी भूरी बाई से लड़ाई झगड़ा कर मकान हड़पना चाहता था

घटना दिनांक को आरोपी भूरी बाई के घर में रात्रि में घुसा और रुपए से भरी थेली की चोरी की और भूरी बाई की आंख खुलने पर लकड़ी से उस पर हमला किया जिससे उसकी मृत्यु हो गई l सुबह घटना की जानकारी मोहल्ले में रहने वाले व्यक्तियों को मिली l पुलिस थाना दीनदयाल नगर ने आरोपी के विरुद्ध मामला पंजीबद्ध किया और आरोपी के विरुद्ध अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया था l

फॉरेंसिक रिपोर्ट बनी महत्वपूर्ण आधार

पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उसके मकान से खून लगी लकड़ी, कपड़े एवं रुपए बरामद किए थे l लकड़ी को फोरेंसिक लैब में जांच के लिए भेजा गया था l जिस पर मानव रक्त पाया गया था चिकित्सक द्वारा भी मृतिका भूरी बाई को 10 प्रकार की चोटों आना बताया गया था l अभियोजन द्वारा कुल 12 साक्षी के कथन न्यायालय में करवाए गए थे एवं जप्त आर्टिकल को न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था l सभी स्वतंत्र साक्षी द्रोही घोषित किए गए थे l मामले का निराकरण 2 साल में किया गया l

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आजीवन कारावास एवं जुर्माना

न्यायालय तृतीय सत्र न्यायाधीश बरखा दिनकर के समक्ष प्रकरण का विचारण किया गया l अभियोजन की गवाही को प्रमाणित मानते हुए न्यायालय ने आरोपी को भारतीय दंड संहिता की धारा 457 में 5 वर्ष का कारावास एवं ₹2000 का जुर्माना, धारा 392 में 10 वर्ष का कारावास और ₹2000 का जुर्माना तथा धारा 302 में आजीवन कारावास एवं ₹5000 का जुर्माना लगाया गया l प्रकरण में शासन की ओर से सफल पैरवी अपर लोक आयोजन एवं शासकीय अधिवक्ता सतीश त्रिपाठी द्वारा की गई l

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